मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार का स्पष्ट विज़न है कि सैनिकों और उनके परिवारों के सम्मान व कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। अनुग्रह राशि में वृद्धि, शहीद स्मारकों पर सम्मान-द्वारों का निर्माण तथा शहीद परिवारों के एक सदस्य को सरकारी सेवा में समायोजित करने की व्यवस्था इसी संकल्प के प्रमुख आयाम हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्दीधारी जीवन को निकट से देखने का सौभाग्य मेरे पिता ने दिया, जिसने सैनिकों के तप, त्याग और अनुशासन के प्रति मेरे मन में आजीवन सम्मान और संवेदनशीलता का भाव जगाया। यही प्रेरणा सैनिकों के हित में निरंतर बेहतर निर्णय लेने की दिशा में मार्गदर्शक बनती है।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री Ganesh Joshi , महापौर गजराज बिष्ट, सैनिक संगठन से जुड़े सम्मानित पदाधिकारीगण समेत अन्य गणमान्य जन उपस्थित रहे।
