देहरादून, 01 मार्च। उत्तराखंड के चमोली जिले में बदरीनाथ धाम के पास माणा में आए एवलॉन्च में चार लोगों के मरने की पुष्टि हुई है। वहीं अभी भी पांच लोग एवलॉन्च के मलबे में दबे हुए है। सेना के पीआरओ ले. कर्नल मनीष श्रीवास्तव ने चार मजदूरों के मरने की जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि पांच मजदूरों को बचाने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। पीआरओ ले. कर्नल मनीष श्रीवास्तव ने बताया कि रेस्क्यू ऑपरेशन में कुल 6 हेलीकॉप्टर लगे हुए हैं। इसमें भारतीय सेना के तीन चीता हेलीकॉप्टर, वायु सेना के दो चीता हेलीकॉप्टर और भारतीय सेना द्वारा किराए पर लिया गया एक नागरिक हेलीकॉप्टर शामिल हैं। सभी मजूदरों को हेलीकॉप्टर से ही निकाला जा रहा है। क्योंकि बर्फबारी के कारण सभी रास्ते बंद पड़े हुए हैं। रेस्क्यू टीम की प्राथमिकता सबसे पहले गंभीर घायलों को एयरलिप्ट करने की है। शुक्रवार 28 फरवरी को सुबह करीब चार से पांच बजे के बीच बीआरओ का माणा कैंप एवलॉन्च की चपेट में आ गया। इस एवलॉन्च में 55 मजदूर दब गए थे, जिन्हें बचाने के लिए शुक्रवार सुबह से ही रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा है। हालांकि कल रात को बर्फबारी के कारण सेना ने रेस्क्यू ऑपरेशन रोक दिया था। सेना ने कल ही 33 मजदूरों का रेस्क्यू कर लिया था, लेकिन 22 लोगों का रेसक्यू नहीं हो पाया था। आज एक मार्च को सुबह फिर से 22 मजदूरों को बचाने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। सुबह से अभीतक 17 मजदूरों का रेस्क्यू किया जा चुका है। वहीं पांच मजदूरों की तलाश जारी है। आज मौसम साफ होने के कारण हेलीकॉप्टर को भी रेस्क्यू में लगाया गया है और वहां फंसे मजदूरों को एयरलिप्ट किया गया है। बताया जा रहा है कि गंभीर रूप से घायल चार मजदूरों की मौत हो गई।
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- Admin
- December 20, 2024
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